जिलाधिकारी विशाख जी की अध्यक्षता में जनगणना-2027 के कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित, सितंबर में कार्मिकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश
समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी ने दिए निर्देश: अधिक जनसंख्या वाले एचएलबी को विभाजित कर बनाएं उप-गणना ब्लॉक, संतुलित रखें कार्यभार
लखनऊ: जिलाधिकारी विशाख जी की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जनगणना-2027 के कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में आगामी जनगणना की तैयारियों, कार्मिकों की उपलब्धता, प्रशिक्षण, चार्ज निर्धारण, मानचित्रों के सत्यापन तथा एचएलबी/ईवी के पुनर्गठन की विस्तृत समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि सितंबर माह में सभी आवश्यक कार्मिकों की उपलब्धता व तैनाती हर हाल में सुनिश्चित कर ली जाए। गणनाकर्मियों, पर्यवेक्षकों एवं फील्ड ट्रेनरों की सूची समय से तैयार कर उनके प्रशिक्षण की व्यवस्थाएं पहले से पूरी करने को कहा गया।
जिलाधिकारी ने अधिक जनसंख्या वाले एचएलबी को भौगोलिक निरंतरता के आधार पर विभाजित कर उप-गणना ब्लॉक बनाने के निर्देश दिए, ताकि गणनाकर्मियों पर कार्यभार संतुलित रहे। उन्होंने स्पष्ट किया कि चार्ज और पर्यवेक्षण क्षेत्र के निर्धारण में मानचित्रों का मिलान तथा स्थलीय सत्यापन अनिवार्य रूप से किया जाए। इसके साथ ही यह ध्यान रखा जाए कि किसी भी कर्मचारी की दोहराई गई ड्यूटी न लगे और तैनाती यथासंभव कर्मचारी के निवास स्थान या कार्यस्थल के पास ही की जाए।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने बिना किसी ठोस कारण के कार्मिकों को जनगणना कार्य से मुक्त न करने और कार्यमुक्ति के मामलों की कड़ाई से समीक्षा करने के निर्देश दिए। वर्ष 2024 के सामान्य निर्वाचन के आंकड़ों से मिलान कर आवश्यक मानव संसाधन की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा गया। साथ ही चार्ज रजिस्टर की प्रगति, अभिलेखों के प्रेषण तथा लंबित भुगतान के प्रकरणों को भी जल्द निपटाने के निर्देश दिए गए। बैठक में जनगणना उप निदेशक डॉ. गौरव पाण्डेय, अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) राकेश कुमार सिंह, अपर नगर आयुक्त अभिनव रंजन सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

