1 जनवरी 2026 से मिलेगा बढ़ा हुआ मानदेय : दयाशंकर सिंह
परिवहन निगम ने घोषित की नई विभाग की प्रोत्साहन योजनाएं
लखनऊ। उत्तर प्रदेश परिवहन निगम में कार्यरत हजारों संविदा चालकों और परिचालकों के लिए वर्ष 2026 की शुरुआत आर्थिक राहत और प्रोत्साहन की सौगात लेकर आ रही है। राज्य के परिवहन राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दयाशंकर सिंह ने घोषणा की है कि 01 जनवरी 2026 से संविदा चालकों एवं परिचालकों के मानदेय में प्रति किलोमीटर 14 पैसे की वृद्धि लागू की जाएगी। यह बढ़ोतरी सीधे तौर पर उनकी मासिक आय में सकारात्मक असर डालेगी।
अब तक नोएडा क्षेत्र की नगरीय एवं ग्रामीण सेवाओं, एनसीआर के कौशांबी, साहिबाबाद और लोनी डिपो, एनसीआर क्षेत्र के समस्त ग्रामीण डिपो तथा गोरखपुर क्षेत्र के सौनोली, सिद्धार्थनगर और महाराजगंज डिपो में कार्यरत संविदा चालक-परिचालकों को 2.18 रुपये प्रति किमी की दर से भुगतान हो रहा था, जिसे बढ़ाकर 2.28 रुपये प्रति किमी कर दिया गया है। सरकार का मानना है कि यह निर्णय कर्मचारियों के मनोबल को बढ़ाएगा और परिवहन सेवाओं की गुणवत्ता में भी सुधार लाएगा।
बेहतर कार्य के लिए बेहतर प्रोत्साहन
परिवहन विभाग ने मानदेय वृद्धि के साथ-साथ नई ‘उत्तम’ और ‘उत्कृष्ट’ प्रोत्साहन योजनाएं भी लागू की हैं, जिनका उद्देश्य दुर्घटना रहित, अनुशासित और उच्च उत्पादकता वाला कार्य वातावरण तैयार करना है। उत्तम प्रोत्साहन योजना में चयन के लिए चालकों को 2 वर्ष और परिचालकों को 4 वर्ष की निरंतर सेवा पूरी करनी होगी। इसके अलावा वित्तीय वर्ष में 288 दिन ड्यूटी और 66 हजार किलोमीटर का संचालन अनिवार्य होगा। दुर्घटना रहित सेवा भी आवश्यक शर्त है। इस योजना के अंतर्गत चालक को कुल ₹18,687 तथा परिचालक को ₹18,418 का भुगतान मिलेगा।
वहीं उत्कृष्ट प्रोत्साहन योजना में और अधिक लक्ष्य तय किए गए हैं। इसमें 288 दिन की ड्यूटी के साथ 78 हजार किलोमीटर संचालन जरूरी होगा। इसके अंतर्गत चालक को ₹21,687 और परिचालक को ₹21,418 तक का भुगतान मिलेगा। चयन के बाद भी प्रत्येक माह न्यूनतम 24 दिन ड्यूटी और 6,000 किलोमीटर संचालन अनिवार्य रहेगा।
पुराने कर्मियों को मिलेगा सम्मान
सरकार ने लंबे समय से सेवा दे रहे संविदा चालकों के लिए Retention/Loyalty Incentive योजना भी लागू की है। इसके तहत 20 वर्ष पुराने संविदा चालकों को ₹1,500 प्रतिमाह, 10 वर्ष पुराने चालकों को ₹750 प्रतिमाह का अतिरिक्त भुगतान किया जाएगा। यह योजना अनुभवी कर्मचारियों को सिस्टम से जोड़कर रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल मानी जा रही है।
मेहनत का पूरा मिलेगा मेहनताना
इसके अतिरिक्त जो चालक और परिचालक 24 दिन या उससे अधिक ड्यूटी, न्यूनतम 6,000 किलोमीटर संचालन तथा 50 प्रतिशत लोड फैक्टर की अनिवार्यता पूरी करेंगे, उन्हें ₹4,000 का अतिरिक्त भुगतान दिया जाएगा। यदि लोड फैक्टर 50 प्रतिशत से कम रहता है तो प्रोत्साहन राशि का दो-तिहाई भाग ही देय होगा।
कर्मचारियों के मनोबल में बढ़ोतरी की उम्मीद
परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने भरोसा जताया कि इन फैसलों से न सिर्फ कर्मचारियों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी, बल्कि सड़क सुरक्षा, समयपालन और यात्री सुविधा में भी सुधार देखने को मिलेगा। संविदा चालकों और परिचालकों के लिए यह निर्णय नए वर्ष की शुरुआत में “सरकार की ओर से सम्मान और भरोसे का संदेश” माना जा रहा है।

