– बीएलओ पर दबाव न बने, काम निपटाने के लिए पर्याप्त समय: मुख्य निर्वाचन अधिकारी
- 70 प्रतिशत से अधिक प्रपत्रों का डिजिटाइजेशन पूरा, जिलों को निर्देश जारी
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण (एसआईआर) की प्रक्रिया की अंतिम तिथि एक सप्ताह के लिए बढ़ा दी गई है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने कहा कि समय बढ़ने से बीएलओ को किसी भी तरह के मानसिक दबाव में आने की जरूरत नहीं है। उन्होंने बताया कि ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी होने से पहले, हर मतदान केंद्र पर बीएलओ और राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट (बीएलए) की बैठक होगी, जिसमें सूची से बाहर रह गए संभावित मतदाताओं की जानकारी साझा की जाएगी।
निर्वाचन विभाग के अनुसार, काम में पीछे रह गए बीएलओ को आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराया जाएगा। सभी जिला निर्वाचन अधिकारियों को इस संबंध में दिशा-निर्देश भेज दिए गए हैं। अब तक 10.75 करोड़ से अधिक यानी लगभग 70 प्रतिशत गणना प्रपत्र डिजिटाइज हो चुके हैं, जबकि 9177 मतदान स्थलों पर यह कार्य पूरी तरह संपन्न कराया जा चुका है। आयोग ने स्पष्ट किया कि निर्धारित समय में सभी कार्य सुचारू रूप से पूरे किए जाएंगे।

