पर्यावरण संरक्षण को समर्पित संस्था ‘वृक्ष कल्याणम्’ ने मनाया अपना वार्षिक अधिवेशन
अंतरराष्ट्रीय रंगमंच दिवस के अवसर पर किया भव्य आयोजन, नन्हें बच्चे हुए पुरस्कृत
लखनऊ। पर्यावरण संरक्षण के प्रति समर्पित संस्था ‘वृक्ष कल्याणम्‘ ने आज अंतर्राष्ट्रीय रंगमंच दिवस के अवसर पर अपना वार्षिक अधिवेशन हर्षोल्लास के साथ आयोजित किया। कार्यक्रम का शुभारंभ भावपूर्ण ध्येय गीत “वृक्ष न होते धरा पर…” के साथ हुआ।
संस्था द्वारा पूर्व में आयोजित “सेव अर्थ” (पृथ्वी बचाओ) विषयक अंतर-स्कूल चित्रकला प्रतियोगिता के विजेताओं को इस अवसर पर सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि प्रो वेंकेटेश दत्ता (विभागाध्यक्ष, पर्यावरण विभाग, बाबा साहेब भीम राव अम्बेडकर विश्वविद्यालय) ने मेधावी छात्र-छात्राओं को पुरस्कार प्रदान किए।
विजेताओं में प्रथम स्थान: साक्षी चौहान (लखनऊ मार्डन इण्टर कालेज), द्वितीय स्थान: शिखर दीप (संस्कार पब्लिक स्कूल), तृतीय स्थान: प्रखर दीप (संस्कार पब्लिक स्कूल) और सांत्वना पुरस्कारसे निष्ठा शुक्ला, वैदिक, मनीष, आस्था रावत और अलमा खातून को पुरस्कृत किया गया।

नाट्य मंचन: “सावधान सीवर खुला है”
अधिवेशन का मुख्य आकर्षण ‘अभिव्यक्ति‘ संस्था द्वारा प्रस्तुत नाटक “सावधान सीवर खुला है” रहा। वरिष्ठ नाटककार के.के. अग्रवाल के लेखन व निर्देशन में नाटक ने हास्य-व्यंग्य के माध्यम से शहर की गंभीर समस्याओं और पर्यावरण के प्रति नागरिकों की लापरवाही पर तीखा प्रहार किया। नाटक में भानु प्रकाश पाण्डेय, अजय भटनागर, अलका और अन्य कलाकारों ने अपने सशक्त अभिनय से दर्शकों को जागरूक किया।
पर्यावरण और जल संरक्षण पर जोर संस्था के सचिव बिपिन कान्त ने वार्षिक रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए संस्था की साल भर की गतिविधियों का ब्यौरा साझा किया। मुख्य अतिथि प्रो दत्ता ने अपने संबोधन में वर्तमान समय में जल संरक्षण की महत्ता पर विशेष जोर दिया और वृक्ष कल्याणम् के निरंतर प्रयासों की सराहना की। कार्यक्रम के अंत में सचिव बिपिन कान्त ने सभी अतिथियों, शिक्षकों और छात्रों का आभार व्यक्त किया।

