विशेष सुरक्षा व स्वच्छता इंतजामों के बीच बच्चों ने बाल रेल, झूले और बोटिंग का उठाया आनंद
क्रिसमस के अवसर पर प्राणी उद्यान में दिखा उत्सव का माहौल, सुरक्षा व सुविधाओं की रहे बंदोबस्त
लखनऊ। क्रिसमस डे के अवसर पर नवाब वाजिद अली शाह प्राणी उद्यान, लखनऊ में उत्सव का माहौल देखने को मिला। इस अवसर पर 7,000 से अधिक दर्शकों ने प्राणी उद्यान का भ्रमण किया और क्रिसमस डे को हर्षोल्लास के साथ मनाया। क्रिसमस के अवसर पर प्राणी उद्यान प्रशासन द्वारा विशेष व्यवस्थाएं की गई थीं। प्राणी उद्यान के दोनों प्रवेश द्वारों पर पुरुष एवं महिला पुलिस बल की तैनाती की गई थी। साथ ही प्रत्येक वन्य जीव के बाड़ों पर सुरक्षा कर्मियों को मुस्तैद रखा गया। पेयजल एवं शौचालयों की साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दिया गया।
प्राणी उद्यान की निदेशक अदिति शर्मा, उप निदेशक डॉ. उत्कर्ष शुक्ला व क्षेत्रीय वनाधिकारी दिनेश बडोला द्वारा पूरे प्राणी उद्यान का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं को चुस्त-दुरुस्त बनाए रखने के निर्देश कर्मचारियों को दिए गए, ताकि दर्शकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। दर्शकों एवं बच्चों ने प्राणी उद्यान की बाल रेल का भरपूर आनंद लिया। बच्चों में विभिन्न वन्य जीवों को देखने को लेकर खासा उत्साह देखने को मिला। बच्चों ने बताया कि प्राणी उद्यान आकर उन्होंने खूब मनोरंजन किया, विशेष रूप से बाल रेल की सवारी उन्हें बेहद पसंद आई।
हाल ही में चिल्ड्रन पार्क में पर्यटन विभाग के सहयोग से लगाए गए नए झूलों का भी बच्चों ने आनंद उठाया। इसके साथ ही दर्शकों ने बोटिंग पोंड में पैडल बोटिंग का भी आनंद लिया। मुख्य प्रवेश द्वार एवं डालीबाग प्रवेश द्वार के समीप स्थित प्राणी उद्यान की पार्किंग पूरी तरह से भर गई थी। दर्शकों ने बताया कि दोनों गेटों पर पार्किंग की सुविधा होने से उन्हें काफी राहत मिली। दर्शकों ने फूड कोर्ट में उपलब्ध विभिन्न प्रकार के व्यंजनों का भी आनंद लिया।

साथ ही शेर, ज़ेब्रा, जिराफ़ और हिरण के मॉडल के साथ दर्शकों द्वारा बड़ी संख्या में फोटो खिंचवाए गए। प्राणी उद्यान प्रशासन द्वारा बुजुर्गों एवं दिव्यांगजनों के लिए निःशुल्क व्हीलचेयर की सुविधा उपलब्ध कराई गई, जिससे उन्हें प्राणी उद्यान भ्रमण में किसी प्रकार की कठिनाई न हो। प्राणी उद्यान भ्रमण के दौरान कुछ बच्चे अपने माता-पिता से बिछुड़ गए थे, जिन्हें सुरक्षा कर्मियों की सतर्कता और त्वरित कार्रवाई के चलते कुछ ही समय में उनके माता-पिता से मिला दिया गया।

